WhatsApp अब सिर्फ मैसेज भेजने वाला ऐप नहीं रहना चाहता. कंपनी अब इसे एक प्रीमियम प्लेटफॉर्म में बदलने की तैयारी कर रही है. अब कंपन WhatsApp Plus ला रही है. ये दरअसल एक सब्सक्रिप्शन सर्विस है जिसके लिए यूजर्स को पैसे देने होंगे.
फिलहाल ये सब्सक्रिप्शन प्लान चुनिंदा आईफोन यूजर्स के लिए रोलआउट होना शुरू हो गया है. पिछले कई महीनों से इसकी चर्चा बीटा वर्जन में हो रही थी, लेकिन अब पहली बार कुछ यूजर्स को इसका एक्सेस मिलने लगा है.
सबसे दिलचस्प बात यह है कि काफी समय तक एक फर्जी WhatsApp Plus वायरल होता रहा था. ये ऐप यूजर्स को एक्स्ट्रा फीचर्स दिलाने का दावा करता था, लेकिन बाद में य स्कैम ऐप निकला. लेकिन अब कंपनी खुद ही WhatsApp Plus ला रही है. कंपनी खुद ही लोगों को पहले WhatsApp Plus यूज करने से मना करती रही. कई यूजर्स के अकाउंट परमानेंट ब्लॉक भी हो गए.
बहरहाल, कंपनी का नया WhatsApp Plus फीचर सिर्फ कुछ आईफोन यूजर्स को दिख रहा है और धीरे-धीरे बाकी लोगों तक पहुंचाया जाएगा. रिपोर्ट्स के मुताबिक, जिन लोगों के पास WhatsApp का लेटेस्ट iOS वर्जन है, उन्हें सेटिंग्स में इसका ऑप्शन दिख सकता है.
पैसे देकर मिलेगा क्या?
व्हाट्सऐप प्लस का पूरा फोकस ऐप को ज्यादा पर्सनल और कस्टमाइज्ड बनाने पर है. यानी मैसेजिंग और कॉलिंग जैसी बेसिक सुविधाएं अभी भी मुफ्त रहेंगी, लेकिन जो लोग ऐप का लुक और फीचर्स बदलना चाहते हैं, उन्हें एक्स्ट्रा चीजें मिलेंगी.
इस नए प्लान में यूजर्स को 18 नए थीम कलर मिलेंगे. अभी व्हाट्सऐप का ज्यादातर इंटरफेस हरे रंग का होता है, लेकिन प्लस सब्सक्रिप्शन के बाद लोग पर्पल, ब्लू, रेड, यलो और कई दूसरे रंग चुन पाएंगे. ऐप के आइकन भी बदले जा सकेंगे. कंपनी करीब 14 नए ऐप आइकन देने वाली है.
नए थीम्स, नए स्टिकर्स
इसके अलावा प्रीमियम स्टिकर्स भी मिलेंगे जिनमें एनिमेटेड इफेक्ट होंगे. यानी स्टिकर भेजने का एक्सपीरियंस थोड़ा ज्यादा इंटरैक्टिव और विजुअल होगा. कंपनी नए रिंगटोन भी दे रही है ताकि व्हाट्सऐप कॉल बाकी ऐप्स से अलग महसूस हो.
एक बड़ा बदलाव पिन चैट्स में देखने को मिलेगा. अभी आम यूजर्स सिर्फ 3 चैट पिन कर सकते हैं, लेकिन WhatsApp Plus लेने के बाद 20 चैट तक पिन की जा सकेंगी. जिन लोगों के पास बहुत ज्यादा काम या बिजनेस चैट्स होती हैं, उनके लिए यह फीचर उपयोगी माना जा रहा है.
व्हाट्सऐप ग्रुपिंग और चैट मैनेजमेंट पर भी काम कर रहा है. उदाहरण के लिए अगर किसी ने ऑफिस नाम से एक चैट लिस्ट बनाई है, तो वह एक साथ सभी ऑफिस चैट्स का थीम, नोटिफिकेशन साउंड और कॉल ट्यून बदल सकेगा. अभी यह सब अलग-अलग करना पड़ता है.
300 रुपये प्रति माह
सबसे ज्यादा चर्चा इसकी कीमत को लेकर हो रही है. रिपोर्ट्स के मुताबिक यूरोप में इसकी कीमत करीब 2.49 यूरो प्रति महीना रखी गई है. यानी भारतीय रुपये में लगभग 280 रुपये के आसपास. अलग-अलग देशों में कीमत अलग हो सकती है. कुछ जगहों पर कंपनी ट्रायल भी दे सकती है.
हालांकि अभी भारत में इसकी आधिकारिक लॉन्च डेट सामने नहीं आई है. लेकिन टेक रिपोर्ट्स मान रही हैं कि आने वाले हफ्तों या महीनों में यह ज्यादा यूजर्स तक पहुंच सकता है.
दिलचस्प बात यह भी है कि मेटा अब धीरे-धीरे अपने सभी प्लेटफॉर्म पर पेड फीचर्स बढ़ा रहा है. इंस्टाग्राम, फेसबुक और एक्स जैसे प्लेटफॉर्म पहले से सब्सक्रिप्शन मॉडल पर काम कर रहे हैं. अब व्हाट्सऐप भी उसी दिशा में जाता दिख रहा है.
फ्यूचर में जरूरी फीचर्स भी पेड कर सकती है कंपनी
इस नए मॉडल को लेकर बहस भी शुरू हो गई है. कुछ लोग मानते हैं कि आज थीम और स्टिकर्स पैसे में मिल रहे हैं, लेकिन फ्यूचर में कहीं जरूरी फीचर्स भी पेड न हो जाएं. आम तौर पर कंपनियां पैसे कमाने के लिए ये स्ट्रैटिजी अपनाती आई हैं. नया सब्सक्रिप्शन ला कर फ्री में मिलने वाले जरूरी फीचर्स पेड कर देती हैं.
