भोपाल

उत्तरी मध्य प्रदेश और दक्षिणी उत्तर प्रदेश पर जमे निम्न दबाव के क्षेत्र और उसके ऊपर से गुजर रहीं दो ट्रफ लाइनों के प्रभाव से पूरा प्रदेश तरबतर हुआ। शुक्रवार शाम 5:30 बजे तक सबसे ज्यादा 38 मिलीमीटर पानी गुना में और 31 मिलीमीटर श्योपुर में गिरा। राजधानी भोपाल में दिनभर रुक-रुक कर हुई रिमझिम वर्षा से करीब 18 मिलीमीटर पानी बरसा और भदभदा डैम का एक गेट इस सीजन में पहली बार खोला गया।

8 सितंबर तक तेज मध्यम वर्षा का दौर

वहीं राजगढ़ में 13 मिलीमीटर, उज्जैन बैतूल में 9-9 मिलीमीटर , धार खंडवा में 4-4 मिलीमीटर , दतिया में 3 मिलीमीटर और रायसेन, रतलाम टीकमगढ़ में 1 मिलीमीटर वर्षा हुई। ग्वालियर, इंदौर और नर्मदापुरम में भी दिनभर फुहारें पड़ती रहीं। मौसम विज्ञानी एसएन साहू ने बताया कि मौजूदा वेदर सिस्टम के असर से समूचे मध्य प्रदेश में आठ सितंबर तक तेज मध्यम वर्षा का दौर लगातार बना रहेगा।

शिवपुरी-श्योपुर में अति भारी वर्षा की चेतावनी

मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार शनिवार को ग्वालियर-चंबल अंचल के शिवपुरी और श्योपुर जिलों में अति भारी वर्षा की आशंका जताते हुए आरेंज अलर्ट जारी किया है। वहीं विदिशा, राजगढ़, शाजापुर सहित 14 जिलों में भारी वर्षा का येलो अलर्ट रहेगा। इसके अलावा राजधानी भोपाल, रायसेन और सीहोर समेत 33 जिलों में बिजली चमकने, वज्रपात और 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से झोंकेदार हवाएं चलने की संभावना जताई गई है।

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प्रदेश के चार बड़े शहरों का तापमान

शहर

अधिकतम तापमान (°C)

न्यूनतम तापमान (°C)

भोपाल

23.8

21.2

इंदौर

25.2

21.2

ग्वालियर

29.4

25.4

जबलपुर

25.9

23.0

नोट -- तापमान डिग्री सेल्सियस में

कहां कितनी हुई वर्षा

शहर

वर्षा (मिलीमीटर में)

ग्वालियर

0.2

नर्मदापुरम

0.5

इंदौर

0.8

सागर

0.8