TIL Desk मुंबई: टीवी के सबसे लोकप्रिय क्विज रियलिटी शो 'कौन बनेगा करोड़पति 18' (KBC 18) के मंच पर हाल ही में एक बेहद भावुक कर देने वाला पल देखने को मिला. शो के होस्ट और बॉलीवुड के महानायक अमिताभ बच्चन अपने पुश्तैनी गांव का नाम सुनकर न सिर्फ अतीत की यादों में खो गए, बल्कि उन्होंने राष्ट्रीय टेलीविजन पर अपने गांव वालों से हाथ जोड़कर माफी भी मांगी.
यह पूरा वाकया तब शुरू हुआ जब हॉटसीट पर बैठे उत्तर प्रदेश के प्रतापगढ़ जिले के कंटेस्टेंट चंद्र प्रकाश तिवारी ने बातचीत के दौरान 'बाबू पट्टी' गांव का जिक्र किया. इस नाम को सुनते ही बिग बी बेहद भावुक हो गए. उन्होंने दर्शकों को बताया, "बाबू पट्टी हमारे पूर्वजों का जन्मस्थान है और मेरे बाबूजी (मशहूर कवि डॉ. हरिवंश राय बच्चन) वहीं से आए थे".
लाइब्रेरी खोलने में हुई 20 साल की देरी पर जताया खेद
भावुक क्षणों के बीच अमिताभ बच्चन ने गांव में बच्चों के लिए बनी लाइब्रेरी (ग्रंथालय) को चालू करने में हुई लंबी देरी के लिए सार्वजनिक रूप से खेद व्यक्त किया. उन्होंने बताया कि करीब 20 साल पहले उनकी पत्नी जया बच्चन के सुझाव पर इस लाइब्रेरी की योजना बनाई गई थी. जब जया जी गांव के दौरे पर गई थीं, तो उन्होंने देखा कि वहां के बच्चों के पास बैठकर पढ़ने या अच्छी किताबें हासिल करने की कोई उचित सुविधा नहीं है. इसके बाद बच्चन परिवार ने वहां एक भव्य इमारत तो खड़ी करवा दी, लेकिन कुछ प्रशासनिक और तकनीकी रुकावटों के कारण पुस्तकालय पूरी तरह सक्रिय नहीं हो सका.
"घबराइए मत, जल्द गूंजेंगी बच्चों की किलकारियां"
अमिताभ बच्चन ने कैमरे की तरफ देखते हुए सीधे बाबू पट्टी के निवासियों को संबोधित किया. उन्होंने मुस्कुराते हुए कहा, "बाबू पट्टी से जो लोग हैं, तो भैया हम माफी मांगते हैं। वहां के लोग हमसे नाराज हैं और उन्हें पूरा हक है। लेकिन मैं केबीसी के इस मंच से आप सभी को आश्वस्त करना चाहता हूँ कि घबराइए मत, यह लाइब्रेरी बहुत जल्द ही खोल दी जाएगी। बिल्डिंग पूरी तरह तैयार है, अब बस उसमें जरूरी किताबें और पढ़ाई का अन्य सामान रखा जाना बाकी है, ताकि गांव के बच्चे वहां आकर उज्ज्वल भविष्य का निर्माण कर सकें।"
महानायक का अपने पैतृक गांव और अपनी जड़ों के प्रति यह अटूट सम्मान देखकर सेट पर मौजूद सभी दर्शकों ने तालियों से उनका अभिवादन किया. बिग बी के इस वादे ने प्रतापगढ़ के ग्रामीणों के दिलों में एक बार फिर नई उम्मीद जगा दी है।












