* डबल रोल निभा रही शनाया कपूर के साथ-साथ अभिनव सिंह, दिविक शर्मा, मान्या ग्रोवर, दीया दमानी, आदि मलिक, शीबा चड्ढा और विवेक गोम्बर के अभिनय से सजी इस सीरीज में आइकॉनिक कैंपस को एक नया और डार्क ट्विस्ट (रहस्यमयी और रोमांचक रूप) दिया गया है, जहाँ हर कोई सिर्फ जीतने की होड़ में है और कोई एक शख्स ऐसा राज़ छुपा रहा है जो जानलेवा है।

TIL Desk मुंबई:👉 घंटी बज चुकी है, मुकाबला अब कड़ा हो चुका है और कैंपस में मौजूद है एक कातिल! जियोहॉटस्टार ने 'स्टूडेंट ऑफ द ईयर: आफ्टर डार्क' का ट्रेलर रिलीज़ कर दिया है, जो दर्शकों को सेंट टेरेसा के जाने-पहचाने कॉरिडोर में वापस ले जाता है, जहाँ महत्वाकांक्षा, आपसी रंजिश और नंबर वन बनने की रेस एक बेहद घातक मोड़ ले लेती है। एक रहस्यमयी मौत के इर्द-गिर्द बुनी हुई कहानी के साथ यह सीरीज जीतने की चाह, दुश्मनी और मर्डर मिस्ट्री के मेल को एक ऐसी दुनिया में सामने लाती है, जहाँ हर किसी के पास जीतने की वजह और खोने के लिए कुछ न कुछ है।

जब सेंट टेरेसा की सबसे लोकप्रिय 'क्वीन बी' आयशा मलिक (शनाया कपूर) मृत मिलती है, तो उसकी जुड़वां बहन अदिति (शनाया कपूर) यह मानने से साफ इनकार कर देती है कि यह महज एक हादसा है। सच का पता लगाने का फैसला लेकर अदिति खुफिया तरीके से स्कूल में पहुँचती है और बेहद कड़े मुकाबले वाले 'स्टूडेंट ऑफ द ईयर' कॉन्टेस्ट में उतरती है। वहाँ पहुँचकर उसे पता चलता है कि उसकी बहन का सबसे कड़ा मुकाबला उसके सबसे करीबी सर्कल से ही था। कातिल को बेनकाब करने के लिए उसे इस रेस में सबसे आगे निकलना होगा—फिर चाहे इसके लिए उसे कुछ भी क्यों न करना पड़े—उसे खेल में उतरना है, टिके रहना है और हर हाल में जीत हासिल करनी है।

यह सीरीज आज की उस पीढ़ी की नब्ज़ टटोलती है जिसमें सबसे ऊँचे मुकाम पर पहुँचना एक सनक बन सकता है और महत्वाकांक्षा लोगों को हर हद पार करने पर मजबूर कर सकती है। जैसे ही अदिति ऐसी दुनिया में आगे बढ़ती है जहाँ सफलता पाने की एक कीमत चुकानी पड़ती है, 'स्टूडेंट ऑफ द ईयर: आफ्टर डार्क' नंबर वन बनने के जाने-पहचाने सपने से जुड़ा एक डरावना और संजीदा सवाल पूछता है कि ‘‘जीतने के लिए आप क्या कुछ खोने और कुर्बान करने को तैयार हैं?’’ओरिजिनल 'स्टूडेंट ऑफ द ईयर' अगर जीतने के सपने के बारे में थी, तो 'स्टूडेंट ऑफ द ईयर: आफ्टर डार्क' जीत हासिल करने की कीमत के बारे में है।

शनाया कपूर ने कहा, “एक कलाकार के तौर पर आयशा और अदिति का किरदार निभाना मेरे लिए सबसे चुनौतीपूर्ण और सुकून देने वाले अनुभवों में से एक रहा है। भले ही दोनों बहनें दिखने में एक जैसी होती हैं, लेकिन उनकी शख्सियत और उनकी पसंद–नापसंद बिल्कुल अलग रहती हैं। आयशा की रहस्यमयी मौत के बाद यह कहानी आगे बढ़ती है, जबकि अदिति द्वारा सच की तलाश एक ऐसी दुनिया की परतें खोलती है जहाँ कई चेहरे धोखेबाज हो सकते हैं और सबसे करीबी रिश्तों में भी राज़ दबे होते हैं। 'स्टूडेंट ऑफ द ईयर: आफ्टर डार्क' की जिस बात ने मुझे सबसे ज्यादा आकर्षित किया, वह यह है कि यह एक बेहद चहेती फ्रेंचाइजी को एक बिल्कुल अनजाने और अप्रत्याशित दायरे में ले जाती है, जहाँ दांव सिर्फ किसी कॉम्पिटिशन या खिताब जीतने से कहीं आगे निकल जाते हैं।

एक जानी-पहचानी दुनिया पर सस्पेंस से भरा यही नज़रिया मेरे लिए इस अनुभव को बेहद रोमांचक बना देता है।”डायरेक्टर रीमा माया ने कहा, “'स्टूडेंट ऑफ द ईयर - आफ्टर डार्क' में बेबाकी, कसक और जज्बा है। यह आज के युवाओं के लिए है। एक मशहूर फ्रेंचाइजी को आज के दौर के मुताबिक नए सिरे से गढ़ा गया है। इसका ट्रेलर उस नई दुनिया की झलक मात्र है जिसे हमने तैयार किया है। अभी बहुत कुछ पर्दे के पीछे छुपा है! मैं उस अंधी और अंतहीन दौड़ को टटोलना चाहती थी जिसके दलदल में आज के युवा फंसे हुए हैं। तब क्या होता है जब कामयाब होने की चाह सिर चढ़कर बोलने लगती है—जो दोस्ती को ही नहीं, यहाँ तक कि खुद इंसान को भी तबाह कर देती है।

हमारे किरदार युवा, महत्वाकांक्षी, बहुत सी कमियों से भरे हैं और यकीनन हर कोई शक के घेरे में है। यह एक मर्डर मिस्ट्री और कॉम्पिटिशन सीरीज है, जिसमें यह मुकाबला खुद जांच-पड़ताल का एक हिस्सा है। फिल्मी किरदारों के कमर्शियल ट्रॉप्स को लेने और उनकी मानसिकता की परतों को खोलकर टटोलना मेरे लिए बेहद मजेदार अनुभव रहा।”धर्मैटिक एंटरटेनमेंट (Dharmatic Entertainment) द्वारा निर्मित और रीमा माया द्वारा निर्देशित, 'स्टूडेंट ऑफ द ईयर: आफ्टर डार्क' इस चर्चित फ्रेंचाइजी को एक नया और रहस्यमयी अंदाज देती है, जहाँ हर दोस्ती के पीछे एक इतिहास छिपा है, हर रंजिश के पीछे एक मकसद है और हर नया सुराग अदिति को सच के और भी ज्यादा करीब ले जाता है।"तो फिर हो जाइए तैयार! देखिए 'स्टूडेंट ऑफ द ईयर: आफ्टर डार्क', 13 नवंबर से सिर्फ जियोहॉटस्टार पर।