TIL Desk लखनऊ:
राजधानी लखनऊ में आज संयुक्त किसान मोर्च के आवाहन पर पूरे प्रदेश के कलेक्टेट में किसानों किया प्रदर्शन। भारत सरकार द्वारा 9 दिसंबर 2021 को संयुक्त किसान मोर्च को दिए गए लिखित आश्वासन का पालन न किया जाने को लेकर किया गया प्रदर्शन।
MSP@C2+50% के साथ गारंटीड खरीद के लिए कानून बनाना, व्यापक ऋण माफी, श्रम संहिता, बिजली बिल 2025, बीज विधेयक 2025, NPFAM, राष्ट्रीय सहकारिता नीति को निरस्त करना और श्रमिकों तथा किसानों को नुकसान पहुंचाने वाले किसी भी FTA पर रोक लगाना आदि समस्याओंको लेकर दिया ज्ञापन |
साथ किसानों के ऊपर जो स्मार्ट मीटर का बोझ डाल कर अंबानी को फायदा पहुंचाया जा रहा है उसका भी विरोध किया।साथ ही आज महामहिम राष्ट्रपति को ज्ञापन सौंपा गया। वही आज प्रशासन को चेतावनी देते हुए यह कहा कि यदि प्रशासन किसानों की मांगों अभी भी ध्यान नहीं देती तो किसान सड़कों पर उतरने पर बाध्य होगे।
बाइट:: कमलेश यादव (राष्ट्रीय अध्यक्ष, भाकियू)
बाइट:: नवी अहमद प्रदेश अध्यक्ष, भाकियू)
